दिव्यकीर्ति सम्पादक-दीपक पाण्डेय, समाचार सम्पादक-विनय मिश्रा, मप्र के सभी जिलों में सम्वाददाता की आवश्यकता है। हमसे जुडने के लिए सम्पर्क करें….. नम्बर-7000181525,7000189640 या लाग इन करें www.divyakirti.com ,

कोलकाता दुर्गा पूजा हादसे पर राष्ट्रपति मुर्मू-पीएम मोदी ने जताया शोक

कोलकाता दुर्गा पूजा हादसे पर राष्ट्रपति मुर्मू-पीएम मोदी ने जताया शोक

कोलकाता के चोरबागान स्थित एक सार्वजनिक दुर्गा पूजा पंडाल में शनिवार को भीड़ की भगदड़ मचने से बड़ा हादसा हुआ। इस दुर्घटना में 17 लोग अपनी जान गंवा बैठے जबकि कई घायल हैं। मृतकों और घायलों की संख्या बढ़ने की आशंका व्यक्त की जा रही है। घटना के तुरंत बाद स्थानीय अस्पतालों में घायल लोगों को भर्ती कराया गया है।

नेताओं ने जताया दुख

इस हादसे पर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सहित कई शीर्ष नेता शोक व्यक्त कर चुके हैं। प्रधानमंत्री कार्यालय ने मृतकों के परिजनों को 2 लाख रुपए और घायलों को 50 हजार रुपए की अनुग्रह राशि देने की घोषणा की है। प्रधानमंत्री मोदी ने प्रभावितों के प्रति अपनी संवेदनाएं व्यक्त की और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की।

राष्ट्रपति मुर्मू ने एक्स प्लेटफॉर्म पर लिखा कि कोलकाता में हुई यह दुर्घटना अत्यंत दुखद है। उन्होंने शोक संतप्त परिवारों को सांत्वना दी और घायलों की त्वरित स्वस्थता के लिए प्रार्थना की। गृह मंत्री अमित शाह ने भी इस घटना पर गहरा दुख जताया और मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी से बात कर स्वास्थ्य सुविधाओं की सुनिश्चितता की।

विपक्ष का मुआवजा और जांच का आग्रह

कांग्रेस नेता राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खरगे ने हादसे पर दुख जताते हुए मृतकों के परिवारों को पर्याप्त मुआवजा देने और घायलों को उचित इलाज उपलब्ध कराने की मांग की। राहुल गांधी ने सभी से राहत कार्यों में सहयोग की अपील की है। खरगे ने स्थानीय कार्यकर्ताओं को प्रभावित लोगों की मदद करने के लिए भी कहा। दोनों नेताओं ने घटना की निष्पक्ष और गहन जांच की जरूरत पर जोर दिया है।

इस दुर्घटना के कारण निकास द्वार का एक हिस्सा टूट गया, जिससे वहां दहशत फैल गई। मृतकों और घायलों का अस्पताल में इलाज चल रहा है और प्रशासन ने प्रभावितों को हर संभव सहायता उपलब्ध कराने का आश्वासन दिया है। घटना के बाद पश्चिम बंगाल के कई कार्यक्रम स्थगित कर दिये गए हैं।

घटना के बाद स्थानीय प्रशासन और पुलिस मौके पर मौजूद हैं और राहत तथा बचाव कार्य जारी हैं। अभी तक मृतकों की संख्या 17 बताई गई है, किन्तु घायलों की संख्या अधिक होने की संभावना बनी हुई है। पंडाल में भीड़ नियंत्रण की कमी और निकास द्वार के टूटने के कारण भगदड़ की स्थिति उत्पन्न हुई।

प्रदेश सरकार की ओर से मृतकों के परिवारों को मुआवजा देने तथा घायलों को आर्थिक सहायता प्रदान करने का फैसला किया गया है। इसके अलावा, हादसे की जांच के आदेश भी जारी किए गए हैं जिससे इस प्रकार की त्रासदी दोबारा न हो। राजनीतिक दलों ने घटना को लेकर अपनी संवेदनाएं व्यक्त करते हुए प्रभावित परिवारों के प्रति समर्थन जताया है।

हादसे के समय मौके पर भारी भीड़ जुटी हुई थी, जो दुर्गा पूजा के शुभ अवसर पर पंडाल में शामिल होने आई थी। प्रशासन की ओर से सुरक्षा बढ़ाने और भीड़ नियंत्रण के उपाय किए जाने का निर्देश दिया गया है, ताकि भविष्य में ऐसे हादसों से बचा जा सके।

यह दुखद घटना कोलकाता की सांस्कृतिक और धार्मिक पृष्ठभूमि को झकझोरने वाली साबित हुई है। दुर्घटना की गहन जांच के बाद दोषियों के खिलाफ उचित कार्रवाई किए जाने की उम्मीद है, जिससे इस तरह की घटनाएं दोहराई न जाएं।

Source

ये भी पढ़ें...

error: Content is protected !!