दिव्यकीर्ति सम्पादक-दीपक पाण्डेय, समाचार सम्पादक-विनय मिश्रा, मप्र के सभी जिलों में सम्वाददाता की आवश्यकता है। हमसे जुडने के लिए सम्पर्क करें….. नम्बर-7000181525,7000189640 या लाग इन करें www.divyakirti.com ,

टैक्स चोरी मामले में अनिल अंबानी को काले धन कानून के तहत अस्थायी सुरक्षा मिली

‘Tax evasion' case: Anil Ambani gets interim protection from coercive action under Black Money Act

मुंबई: बॉम्बे उच्च न्यायालय ने टैक्स चोरी से जुड़े एक मामले में अनिल अंबानी को अस्थायी सुरक्षा प्रदान की है। अदालत ने कहा कि उनके खिलाफ एक मूल्यांकन आदेश पहले ही पारित किया जा चुका है और उन्होंने इनकम टैक्स के कमीशनर (अपील) के समक्ष अपील दायर की है।

यह मामला काले धन (अनुचित धन) प्रतिबंध अधिनियम के तहत दर्ज किया गया था, जिसमें अनिल अंबानी पर कर चोरी के आरोप लगाए गए थे। उच्च न्यायालय ने इस प्रकरण में तुरंत जबरदस्ती कार्रवाई से रोक लगाई है, जबकि अपील प्रक्रिया जारी है।

बॉम्बे उच्च न्यायालय के समक्ष पेश पक्ष ने बताया कि मूल्यांकन आदेश के आधार पर कर विभाग ने कार्रवाई की है, लेकिन इस निर्णय के खिलाफ अपील भी दायर की गई है। न्यायालय ने कहा कि अपील पर सुनवाई पूरी होने तक किसी भी जबरदस्ती कार्रवाई पर रोक रहेगी।

टैक्स चोरी के मामले में यह आदेश अनिल अंबानी को फिलहाल कानूनी संरक्षण प्रदान करता है, जिससे कि वे अपने पक्ष को न्यायालय के समक्ष प्रभावी तरीके से रख सकें। इससे पहले भी अंबानी परिवार के कई सदस्यों ने ऐसे मामलों में अदालत का रुख किया था।

विशेषज्ञों का मानना है कि यह फैसला आयकर कानून और काले धन विरोधी प्रावधानों के बीच संतुलन बनाकर न्याय करता है। इससे यह संकेत मिलता है कि न्यायालय आपराधिक आरोपों के मामले में निष्पक्ष और विधिक प्रक्रिया का पालन करता रहेगा।

अनिल अंबानी ने अपनी तरफ से कहा है कि वे पूरी तरह से कानून का पालन करते हैं और संपत्ति एवं आय संबंधित जांच प्रामाणिक हैं। टैक्स मामलों में नियमित रूप से वे अपने दस्तावेज प्रस्तुत करते आ रहे हैं।

अम्बानी ग्रुप के इस मामले की आगे की कानूनी प्रक्रिया और निर्णय पर नजर रखी जाएगी क्योंकि यह मामला काले धन की रोकथाम में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है। अदालत ने स्पष्ट किया है कि केवल उचित प्रक्रिया का पालन करते हुए ही कार्रवाई संभव है।

इस मामले से जुड़े अन्य पक्षकार भी न्यायालय के आगामी आदेशों का इंतजार कर रहे हैं। बॉम्बे उच्च न्यायालय का यह फैसला टैक्स चोरी और काले धन के मामलों में कानूनी प्रक्रिया की गंभीरता को दर्शाता है।

Source

Divya Kirti
Author: Divya Kirti

ये भी पढ़ें...

error: Content is protected !!