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बैकरूम्स क्या हैं? केन पार्सन की लिमिनल हॉरर से प्रेरित क्रीपीपास्ता के लिए शुरुआती परिचय

What are the Backrooms? A beginners guide to the creepypasta that inspired Kane Parson’s liminal horror

इंटरनेट की सबसे कुख्यात पीली दीवारों वाला कमरा अब अंततः सिनेमाघरों में दर्शकों के सामने आया है। “बैकरूम्स” नामक यह घटना एक अनूठी और रहस्यमय कहानी के रूप में डिजिटल दुनिया में मशहूर हुई, जिसने हॉरर प्रेमियों के बीच खासा ध्यान आकर्षित किया है।

बैकरूम्स का उद्भव एक इंटरनेट क्रांति का हिस्सा है, जहां अजीब और असामान्य जगहों की कल्पना और कहानियां सोशल मीडिया और ऑनलाइन फोरम्स पर साझा की जाती हैं। माना जाता है कि यह अवधारणा एक ऐसे अनंत और भटकाने वाले कार्यालय जैसे कमरों की कहानी कहती है, जहां एक बार फंस जाने पर बाहर निकलना अत्यंत कठिन होता है।

इस अवधारणा का सबसे प्रसिद्ध रूप 2019 में एक विकिपीडिया-शैली की पोस्ट के रूप में सामने आया, जिसमें यह बताया गया कि अगर आप असली दुनिया की जगह किसी ग्लिच में फंस जाएं, तो आप बैकरूम्स जैसी जगह पर पहुंच सकते हैं। यह पीली दीवारें, पुराने कार्पेट और फ्लोरोसेंट लाइट्स से भरा एक सुनसान स्थान है, जिसमें समय और स्थान का कोई निर्वचन नहीं होता।

“बैकरूम्स” की लोकप्रियता के पीछे इसका अजीबोगरीब माहौल और अनिश्चितता है, जो दर्शकों को एक अलग ही डरावना अनुभव प्रदान करती है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स, खासकर रेडिट और यूट्यूब, पर इस विषय पर विभिन्न हॉरर कहानियां, वीडियोज़ और गेम्स बनाए गए हैं, जिससे इसकी लोकप्रियता दैनिक रूप से बढ़ती गई।

फिल्म रूपांतरण इस फेनोमेनन की नई ऊंचाइयों पर ले गया है। सिनेमा के माध्यम से इस कथा को दर्शकों के सामने लाना दर्शाता है कि कैसे डिजिटल युग की कहानियां वास्तविक दुनिया में भी अपनी पकड़ बना रही हैं। फिलहाल, यह फिल्म जितनी सफलता पा रही है, उससे यह स्पष्ट होता है कि लैजेंड्स और डिजिटल हॉरर की दिलचस्प दुनिया अब परंपरागत मनोरंजन का महत्वपूर्ण हिस्सा बन चुकी है।

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Divya Kirti
Author: Divya Kirti

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