दिव्यकीर्ति सम्पादक-दीपक पाण्डेय, समाचार सम्पादक-विनय मिश्रा, मप्र के सभी जिलों में सम्वाददाता की आवश्यकता है। हमसे जुडने के लिए सम्पर्क करें….. नम्बर-7000181525,7000189640 या लाग इन करें www.divyakirti.com ,

अमेरिका के मिड-टर्म चुनावों में ट्रंप को लग सकता है झटका, कंसास-टेक्सस और साउथ कैरोलिना में कांटे की टक्कर

वाशिंगटन, अमेरिका। अमेरिका में आगामी मिडटर्म चुनावों से पहले राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप और उनकी रिपब्लिकन पार्टी की मुश्किलें बढ़ती दिखाई दे रही हैं। कंसास, टेक्सास और दक्षिण कैरोलिना जैसे राज्यों में मुकाबला कड़ा होने के संकेत मिल रहे हैं। कुछ हालिया सर्वेक्षणों में डेमोक्रेटिक उम्मीदवार पारंपरिक रिपब्लिकन गढ़ माने जाने वाले राज्यों में भी बढ़त बनाते नजर आ रहे हैं। यदि डेमोक्रेट कई महत्वपूर्ण सीटों पर जीत हासिल कर लेते हैं, तो सीनेट में रिपब्लिकन बहुमत खतरे में पड़ सकता है।

रैलियां रद्द होने पर पत्रकार से उलझे ट्रंप

कंसास और आयोवा में चुनावी रैलियों को लेकर पूछे गए सवालों पर ट्रंप पत्रकार से नाराज हो गए। रॉयटर्स के एक पत्रकार ने उनसे पूछा कि क्या रैलियां रद्द करने के पीछे उनकी सेहत या थकान की कोई वजह है। इस पर ट्रंप ने अपनी फिटनेस को लेकर उठाए गए सवालों को खारिज कर दिया और पत्रकार पर तीखी टिप्पणी की।

ट्रंप ने यह भी इनकार किया कि विरोध प्रदर्शनों या कम भीड़ के कारण रैलियां रद्द की गईं। उनका कहना था कि संबंधित राज्यों में रिपब्लिकन उम्मीदवार अच्छा प्रदर्शन कर रहे हैं, इसलिए दूसरे क्षेत्रों पर ध्यान दिया जा रहा है। हालांकि, व्हाइट हाउस के एक अधिकारी ने बाद में बताया कि राष्ट्रपति सप्ताहांत में कंसास और आयोवा में रैलियां करेंगे।

कंसास और टेक्सास में कांटे की टक्कर

कंसास में उपलब्ध एक सर्वेक्षण के अनुसार, डेमोक्रेटिक उम्मीदवार एडम हैमिल्टन मौजूदा रिपब्लिकन सीनेटर रोजर मार्शल से 49-45 के अंतर से आगे बताए गए हैं। यह राज्य लंबे समय से रिपब्लिकन राजनीति का मजबूत केंद्र रहा है।

टेक्सास में भी मुकाबला दिलचस्प हो गया है। यहां डेमोक्रेटिक उम्मीदवार जेम्स टालारिको, रिपब्लिकन उम्मीदवार केन पैक्सटन से आगे बताए जा रहे हैं। टेक्सास में ट्रंप ने 2024 के राष्ट्रपति चुनाव में आसानी से जीत हासिल की थी। राज्य में आखिरी बार 1988 में डेमोक्रेटिक सीनेटर चुना गया था।

दक्षिण कैरोलिना में भी सीनेट सीट को लेकर कड़ा मुकाबला बताया गया है। खबर के मुताबिक, रिपब्लिकन उम्मीदवार डार्लिन ग्राहम अपने दिवंगत भाई लिंडसे ग्राहम की जगह सीनेट पहुंचने की उम्मीद कर रही हैं।

सीनेट का बहुमत बदलने की आशंका

लुइसियाना और मिसिसिपी जैसे पारंपरिक रिपब्लिकन राज्यों में भी डेमोक्रेटिक उम्मीदवारों की स्थिति पर नजर रखी जा रही है। यदि डेमोक्रेट जरूरी सीटें जीत लेते हैं, तो सीनेट में रिपब्लिकन पार्टी का 53-47 का बहुमत पलट सकता है।

दोनों सदनों में डेमोक्रेटिक बहुमत बनने की स्थिति में ट्रंप के लिए कानून पारित कराना कठिन हो सकता है। कांग्रेस में उनकी नीतियों की आलोचना बढ़ने और विधायी प्रस्तावों पर रोक लगने की आशंका भी रहेगी। ऐसे में मिडटर्म चुनाव ट्रंप के कार्यकाल की राजनीतिक दिशा तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकते हैं।

ये भी पढ़ें...

error: Content is protected !!