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व्यापार से सुरक्षा तक ताजिकिस्तान में SCO मीटिंग, राजनाथ सिंह लीड करेंगे भारत

व्यापार से सुरक्षा तक ताजिकिस्तान में SCO मीटिंग, राजनाथ सिंह लीड करेंगे भारत

ताजिकिस्तान की राजधानी दुशांबे में शंघाई सहयोग संगठन (SCO) की 25वीं शासनाध्यक्ष परिषद की बैठक 19 और 20 अक्टूबर को आयोजित होने जा रही है, जिसमें भारत का प्रतिनिधित्व रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह करेंगे। इस अहम बैठक में SCO सदस्य देशों के बीच बहुपक्षीय सहयोग को बढ़ावा देने पर जोर दिया जाएगा।

बैठक का उद्देश्य और मुख्य मुद्दे

रक्षा मंत्रालय ने बताया कि इस बैठक का मकसद सदस्य देशों के व्यापार, आर्थिक सहयोग, निवेश, संपर्क और नवाचार जैसे विभिन्न क्षेत्रों में मौजूद पहलों की समीक्षा करना होगा। साथ ही सांस्कृतिक सहयोग और संगठन के वित्तीय एवं संस्थागत फैसलों पर भी चर्चा होगी। पिछली बैठक मॉस्को में हुई थी।

बैठक में भारत को SCO के अन्य सदस्य देशों के साथ क्षेत्रीय सहयोग और व्यावहारिक कदमों पर विचार साझा करने का मौका मिलेगा ताकि सभी देशों को समान लाभ मिल सके।

भारत SCO के कई तंत्रों में सक्रिय भूमिका निभाता रहा है। भारत की पहल में स्टार्टअप, नवाचार, डिजिटल सार्वजनिक इंफ्रास्ट्रक्चर और लोगों के बीच संपर्क शामिल हैं। इस बैठक में इन पहलुओं को और मजबूत बनाने के रास्ते तलाशे जाएंगे।

मॉस्को बैठक के बाद दुशांबे में महत्वपूर्ण चर्चा

यह बैठक SCO के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर एक महत्वपूर्ण मंच भी है, जिसमें भारत का सक्रिय योगदान रहता है। बीते साल मॉस्को में हुई पिछली बैठक में भारत का प्रतिनिधित्व विदेश मंत्री डॉ. एस. जयशंकर ने किया था।

इस बार दुशांबे में राजनाथ सिंह के नेतृत्व में यह बैठक क्षेत्रीय सुरक्षा और आर्थिक सहयोग सहित विभिन्न मुद्दों पर विचार-विमर्श करेगी। इससे भारत की कूटनीतिक ताकत का भी प्रदर्शन होगा।

बैठक के दौरान विभिन्न सदस्य देश व्यापार, नवाचार, संचार और संस्कृति के सहयोग को और मजबूत करने की योजनाएं बनायेंगे, जिससे सभी सदस्यों को समान रूप से फायदा हो।

रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह की मौजूदगी से इस बैठक में भारत का प्रभाव निश्चित ही बढ़ेगा और SCO के माध्यम से भारत की भूमिका को विस्तार मिलेगा। इस बहुपक्षीय मंच के जरिए सदस्य देश व्यापार के साथ-साथ क्षेत्रीय सुरक्षा विषयों पर नजर बनाए रखेंगे।

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